IPS Officer कैसे बने ?, आइये जानते है, आईपीएस ( IPS) बनने पूरी जानकारी |

आईपीएस ऑफिसर ( IPS Officer) कैसे बने जानिए पूरी जानकारी

Let’s know, complete information about becoming an IPS

अधिकतर छात्र बैचलर डिग्री की शिक्षा को पूरा करते ही विभिन्न रोजगार संबंधी विकल्पों की खोज करते हुए दिखाई देते है, इनमेसे कुछ छात्र ऐसे भी होते है जिनकी शुरू से करियर के विषय में उच्चतर महत्वकांक्षाए होती है। बेहर हाल कुछ छात्र ग्रामीण विभागों से होने के कारण उनके पास उज्वल भविष्य हेतू पर्याप्त विकल्पों की जानकारी नहीं होती, या फिर उन्हें जानकारी से जुड़े संसाधनों को जुटाने में मुश्किलों का सामना करना पड़ता है।

प्रतियोगिता परीक्षा द्वारा हमारे देश में हर साल लाखो युवाओ को प्रशासकीय सेवाओं में स्थान दिया जाता है, जिनमें से कुछ परीक्षाएं राज्य सरकारों द्वारा तो कुछ भारत सरकार के अंतर्गत ली जाती है। यहाँ हम आपको ऐसे ही एक प्रतिष्ठित करियर विकल्प से जुडी जानकारी देने वाले है जिसे आम तौर पर आई.पी.एस संबोधित किया जाता है।

आई.पी.एसमें करियर बनाने हेतू सभी महत्वपूर्ण पहलुओं पर हम यहाँ नजर डालने वाले है, जिसमे सभी अनिवार्यतापूर्ण चीजों से जुडी बारीकियों को आपके सामने रखने का हमारा प्रयास होगा।

आईपीएस ऑफिसर (IPS Officer) कैसे बने जानिए पूरी जानकारी – IPS Officer Kaise Bane
(IPS Officer) कैसे बने जानिए पूरी जानकारी – IPS Officer Kaise Bane

आईपीएस ऑफिसर (IPS Officer) कैसे बने जानिए पूरी जानकारी – IPS Officer Kaise Bane

IAS Officer Kaise Bane

क्या होता है आई.पी.एस का फुल फॉर्म? – Full Form of IPS

आपमेसे से शायद कुछ लोगो को आई.पी.एसके फुल फॉर्म के विषय में दुविधा होगी या सही से पता नहीं होगा, आम भाषा में आई.पी.एसका फुल फॉर्म ‘इंडियन पुलिस सर्विस’ यानि के ‘भारतीय पुलिस सेवा’ होता है। जिसके लिए संघ लोक सेवा आयोग द्वारा (UPSC – Union Public Service Commission) प्रतियोगिता परीक्षा को हर साल आयोजित किया जाता है।

देश के लगभग सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशो के छात्र इस प्रतियोगिता परीक्षा में सम्मिलित हो सकते है, बशर्ते उन सभी को आयोग द्वारा निर्धारित आवश्यक पात्रताओं को पूरा करना होता है।

आई.पी.एसपरीक्षा के लिए आवश्यक पात्रताए – IPS Exam Eligibility

यहाँ हम आपको विभिन्न मापदंडो के आधार पर इस परीक्षा से जुडी आवश्यक पात्रताओं से संबंधित जानकारी देंगे, जिसमे निम्नलिखित बाते शामिल होती है

1. शिक्षा संबंधी पात्रता (Educational Criteria):

  1. जो भी छात्र इस परीक्षा हेतू इच्छुक होते है उन सभी ने न्यूनतम बैचलर डिग्री/स्नातक परीक्षा को किसी भी शिक्षा धारा से पूरा करना अनिवार्य होता है।
  2. यहाँ आपको आयोग द्वारा एक विकल्प ये भी दिया गया होता है के अगर आप स्नातक के अंतिम वर्ष में पढाई कर रहे है तो आप पूर्व परीक्षा हेतु आवेदन कर सकते है।परंतु अंतिमतः आपको स्नातक की शिक्षा को पूर्ण करने के पश्चात ही चयनित किया जाता है, जो के सभी के लिए अनिवार्य होता है।
  3. इसके अलावा आपने बैचलर की डिग्री मान्यता प्राप्त शिक्षा संस्थान या यूनिवर्सिटी से जो के यु.जी.सी के अंतर्गत आता हो वहाँ से पूर्ण करना भी यहाँ अवश्यप्राय होता है।

2. आयु (Age Criteria):

सभी इच्छुक उम्मीदवारों को पूर्व परीक्षा हेतु आवेदन करने से पहले ये जानना आवश्यक बन जाता है के उनकी न्यूनतम आयु 21 साल होनी चाहिए वही अधिकतम 32 साल तक की आयु सिमा आयोग द्वारा तय की गई है।

इसमें भारतीय संविधान द्वारा दिया जानेवाला जातिगत आरक्षण आयोग पर लागू होता है, जिसमे अनुसूचित जाती/पिछड़े विशिष्ट वर्ग के छात्रों को आयु मर्यादा में कुछ साल तक की छूट दी हुयी रहती है।

इस आरक्षण के प्रारूप में अनुसूचित जाती/पिछड़े वर्ग को पाँच साल(37 वर्ष)तक की आयु सिमा छूट होती है वही अन्य पिछड़े वर्ग के छात्रों को तीन साल (35 वर्ष तक) की आयु सिमा छूट दी गई होती है। इसके अलावा शुरू से सुरक्षाकर्मी के तौर पर सेवा से जुड़े उम्मीदवार को तीन साल( 35 साल) तक आयु की छूट होती है, वही शारीरिक दृष्टी से विकलांग (सुनने और देखने में तकलीफ वाले) उम्मीदवार को दस साल तक (42 वर्ष तक) की छूट आयोग द्वारा दी गई है।

यहाँ सामान्य श्रेणी/जनरल के अंतर्गत आनेवाले छात्रों को अंतिम आयु सिमा 32 ही होती है।

3. प्रयास अवधी (Number of Attempts):

  • सामान्य श्रेणी/जनरल के अंतर्गत आनेवाले छात्र अधिकतम छह बार इस परीक्षा में सफलता प्राप्त करने हेतू प्रयास कर सकते है, वही अन्य पिछड़े वर्ग के छात्र अधिकतम नौ बार प्रयास कर सकते है।
  • अनुसूचित वर्ग/पिछड़े वर्ग के छात्र उनके आयुसीमा को पूर्ण होने तक सफलता हेतु प्रयास कर सकते है जिसमे उन्हें प्रयासों का कोई बंधन नहीं होता है।
  • यहाँ पर शारीरिक दृष्टी से विकलांग छात्र जो के सामान्य श्रेणी और अन्य पिछड़े वर्ग के अंतर्गत आते है उन सभी को नौ बार सफलता हेतू प्रयास का विकल्प दिया हुआ रहता है।

4. शारीरिक दृष्टी से पात्रता (Physical Eligibility):

शारीरिक पात्रता में कुल लंबाई, सामान्य सीना और फुला हुआ सीना इस तरह के पात्रता मापदंड होते है, जिसमे पुरुष उम्मीदवार की न्यूनतम लंबाई/ऊंचाई 165 सेंटीमीटर होना अनिवार्य होता है वही महिलाओ के लिए 150 सेंटीमीटर ऊंचाई अनिवार्य होती है।

बात करे सीने के चौड़ाई की तो पुरुष उम्मीदवार का सामान्य सीना न्यूनतम 84 सेंटीमीटर तक वही महिला उम्मीदवार का 79 सेंटीमीटर तक होना चाहिए, जिसमे पुरुष और महिला दोनों में सीना फुलाने के बाद लगभग 5 सेंटीमीटर का चौड़ापन अपेक्षाकृत होता है।

5. नागरिकता संबंधी पात्रता (Citizenship Criteria):

  • अगर आप आई.पी.एसअफसर के तौर पर नियुक्त होकर कार्य करना चाहते है तो नागरिकता से संबंधित कुछ प्रमुख पात्रता मानदंडों को पूरा करना अनिवार्य होता है जिसमे निम्नलिखित बाते शामिल होती है,
  • इच्छुक उम्मीदवार भारत का नागरिक होना चाहिए।
  • या फिर भूतान, नेपाल का नागरिक होने के साथ भारत की स्थायी नागरिकता संबंधित उम्मीदवार के पास होना अनिवार्य होता है।
  • अगर कोई इच्छुक उम्मीदवार तिब्बत से विस्थापित होकर भारत में 1 जनवरी 1962 से पहले से आकर बस गया है, और उसके पास भारत की स्थायी नागरिकता है तो इस स्थिति में उसे पात्र माना जाता है।
  • उपरोक्त मानदंडों के अलावा अगर पाकिस्तान, बर्मा, श्रीलंका, केनिया, तंजानिया, यूगांडा, झांबिया, मलावी, ज़ैरे, इथिओपिया, वियतनाम देश से भारत में स्थायी नागरिकता हासिल किये हुए व्यक्ति भी आई.पी.एससेवा हेतु पात्र माने जाते है।

आई.पी.एस परीक्षा का प्रारूप – IPS Exam Format:

  1. मुख्य रूप से संघ लोक सेवा आयोग द्वारा सिविल सर्विस एग्जाम के अंतर्गत चरणबध्द तरीके से परीक्षा का आयोजन किया जाता है जिसमे उम्मीदवार को तीन चरणों से गुजरना होता है।
  2. जिसमे मुख्य परीक्षा और साक्षात्कार में प्राप्त अंको के आधार पर छात्रों को प्रशासनिक सेवा में स्थान दिया जाता है। उच्च अंक प्राप्त उम्मीदवार के पास भारतीय प्रशासनिक सेवा, भारतीय पुलिस सेवा, भारतीय विदेश सेवा इत्यादि विकल्पों में से मनचाहा विकल्प चुनने का अवसर होता है।
  3. वही अंको के आधार पर रैंक सूचि घोषित कर छात्रों को सेवा में नियुक्त करने के संपूर्ण अधिकार आयोग के पास सुरक्षित होते है। निचे दी गई जानकारी द्वारा हम सिविल सर्विस को चरणबध्द तरीके से समझने का प्रयास करेंगे,

1. पूर्व परीक्षा (Civil Service Preliminary Exam):

  • परीक्षा के पहले चरण में सभी इच्छुक उम्मीदवार को पूर्व परीक्षा के लिए आवेदन करना होता है, जिसमे आयोग द्वारा निर्धारित किये गए अंको को प्राप्त करने वाले सभी छात्र दूसरे चरण के लिए पात्र माने जाते है।
  • जिन्हे अगले चरण यानि के मुख्य परीक्षा के लिए आवेदन करना होता है।पहले चरण की परीक्षा का प्रारूप बहुविकल्पीय प्रश्नो का होता है जिसमे दिए गए चार विकल्पों में से एक सही जवाब का चयन करना होता है।

2. मुख्य परीक्षा (Civil Service Main Exam):

  1. मुख्य परीक्षा का प्रारूप लिखित परीक्षा के तौर पर होता है जिसमे छात्रों को ऐच्छिक विषय के तौर पर आयोग द्वारा दिए गए विषय विकल्पों में किसी भी दो विषयो का चयन करना होता है।
  2. यहाँ पर समझने लायक बात ये होती है के आपको कुल नौ पेपर को यहाँ हल करना होता है जिसमे से एक भाषा का पेपर होता है जिस हेतू आपको अपने मनचाहे भाषा को चुनना होता है।
  3. वही एक पेपर निबंध का होता है जिसमे दिए गए निबंध विषयो में से मनचाहे विषय पर निबंध लिखना होता है।तिसरा विषय अंग्रेजी भाषा का होता है इस तरह इन तीनो पेपर को अनिवार्यता तौर पर हल करना होता है।
  4. जिसमे से एक भी विषय में अनुत्तीर्ण होने वाले उम्मीदवार को आयोग द्वारा अपात्र माना जाता है।अन्य चार पेपर जनरल स्टडीज के होते है जो के स्वतंत्र रूप से कुल 250 अंको के होते है जो के हल करना भी यहाँ पर अनिवार्य होता है।
  5. यहाँ ऐच्छिक भाषा का विषय और अंग्रेजी भाषा के पेपर को स्वतंत्र रूप से  अंक होते है वही निबंध पेपर को 250 अंक होते है। इस तरह जो भी उम्मीदवार सभी नौ पेपर को उत्तीर्ण कर अच्छे अंक प्राप्त करते है उन सभी की प्राप्त अंको के आधार पर आयोग द्वारा आधिकारिक संकेतस्थल पर सूचि जारी की जाती है।

जिनमे से आयोग के अंक मापदंडो को पूरा करने वाले उम्मीदवारो को अंतिम चरण जो के साक्षात्कार का होता है उसके हेतु सूचि द्वारा पात्र घोषित किया जाता है।

3. साक्षात्कार (Interview):

  • सिविल सर्विस का अंतिम चरण Interview का होता है जिसके लिए आयोग द्वारा 275 अंक निर्धारित किये हुए रहते है, मुख्य परीक्षा से पात्र हुए छात्रों का आयोग द्वारा साक्षात्कार लिया जाता है।
  • Meeting के चरण में उम्मीदवार की सूझ बुझ, निर्णय लेने की क्षमता, बुध्दि 300 तत्परता, गंभीरता, शिष्टाचार आदि गुणों को परखा जाता है। इस तरीके से जो भी छात्र अंतिम चरण को अच्छे तरीके से पूरा करते है उनके मुख्य परीक्षा और Interview के अंको को मिलाकर उनकी अंतिम सूचि आयोग द्वारा जारी की जाती है।
  • जिसमे अंको के आधार पर विभिन्न प्रशासनिक विभागों में उम्मीदवार को सेवा हेतू चयनित किया जाता है। जो छात्र आई.पी.एसके लिए चुने जाते है उन सभी की चिकित्सा से संबधित जाँच की जाती है और अंतिमतः उन्हें प्रशिक्षण हेतू भारतीय पुलिस अकादमी में शामिल किया जाता है। 
  • भारतिय राज्य तेलंगाना में हैदराबाद स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल नॅशनल पुलिस अकादमी में अधिकतर बार आई.पी.एसके उम्मीदवारों को प्रशिक्षित किया जाता है।

कैसे करे आवेदन? – How to Apply for IPS

संघ लोक सेवा आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पे आपको आवेदन करना होता है जो के इस प्रकार है – https://www.upsc.gov.in/जहाँ पर प्रथम चरण से लेकर अंतिम चरण तक आप को सभी आवश्यक सूचनाएं भी समय-समय पर प्राप्त होती रहती है।

आई.पी.एसमें करियर बनाने हेतू महत्वपूर्ण सुझाव – How to Become an IPS Officer

अगर आपको भारतीय पुलिस सेवा में कार्य करना है तो स्नातक के दौरान ही आपको इस परीक्षा से जुडी सारी जानकारी संग्रहित करना आरंभ कर देना चाहिए साथ ही नियमित रूप से इससे जुडी पढाई करनी चाहिए।ताकि पूर्व परीक्षा तक आप लगभग सभी विषयो की बुनियादी पढाई कर चुके होगे, जिससे आपके पास सभी आवश्यक ज्ञान होगा।

इस परीक्षा से जुड़े विषयो के जानकार और सलाहकार से समय पर मार्गदर्शन प्राप्त करने की निरंतर कोशिश करे। आवश्यकता होने की स्थिति में इस तरह के जानकारीपूर्ण वेबसाइट को भेंट दे और आपके मन में बसे प्रश्नो को हल करे। ऐसे उपाय आपको बार करने से आपको असमंजस की परिस्थिति का सामना करने की नौबत नहीं आएगी।

अगर आपके परिसर में कोई पहले ही आई.पी.एसया अन्य प्रतियोगिता परीक्षा उत्तीर्ण किये दोस्त या वरिष्ठ व्यक्ति हो उनसे सलाह मशवरा ले या फिर आपके घर परिवार या रिश्तेदारों में कोई इस परीक्षा की सही जानकारी रखता हो तो उनकी मदद ले।

नियमित रूप से रोजाना आनेवाले अख़बार पढ़ने की आदत डाले इसके साथ महत्वपूर्ण राष्ट्रीय, स्थानिक और आंतरराष्ट्रिय न्यूज़ को देखे उसे समझे और उसपर आवश्यक टिप्पणियां अपने नोटबुक में लिखे जिसका आपको समसमायिकी के तौर पर जरूर लाभ होगा।

Tips to become IPS Officer

  • आयोग द्वारा सुझाये गए किताबो से पढाई करे तथा एन.सी.ई.आर.टी किताबे और अन्य स्त्रोतों से पढाई करे। सही किताबो के चयन हेतू इंटरनेट की मदद भी ले सकते है।
  • पढाई करते समय खुदके नोट्स बनाने के प्रयास करे इसके साथ नियमित रूप से पढाई करे जिसमे किसी भी तरह की रूकावट या खलल ना होने दे।
  • खुद पर और खुदकी क्षमताओं पर भरोसा रखे तथा पढ़ने के साथ लिखने का भी अभ्यास करे।
  • नियमित रूप से व्यायाम, योगासन इत्यादि आपके शरीर को स्फुर्तीला बनाने और तंदरुस्त बनाने का कार्य करता है, इसलिए इन सभी बातो को अपने रोज मर्रा की आदतों में शामिल करे।
  • पोषक भोजन ले तथा अच्छी तरह से नींद लेकर सुबह जल्दी उठकर प्राथमिक कार्यो के उपरांत पढाई की आदत डाले जिससे आपको परीक्षा के दिनों में अधिक लाभ होगा।
  • याद रखिये पुलिस सेवा का क्षेत्र जनता सम्मुख कार्य का होता है जिसके लिए आपकी सूझ बुझ, निर्णय क्षमता,बुद्धि तत्परता, साहस और निडरता की परम आवश्यकता होती है इसीलिए अपने मनोबल के साथ अपने बुद्धि और शरीर उस तौर पर ढालने का प्रयास करे।
  • इस प्रकार से अबतक आपने आई.पी.एसमें करियर बनाने से संबंधित लगभग सभी प्रमुख पहलुओं के बारे में जाना जिसमे हमने संभवतः हर प्रकार की आवश्यक जानकारी से आपको रूबरू कराया।
  • हम आशा करते है अबतक दी गयी जानकारी आपको पसंद आयी होगी साथ ही उज्वल भविष्य के निर्माण में आपको इस जानकारी से लाभ मिलेगा। अन्य लोगो को इस जानकारी से लाभान्वित करने हेतू उन तक लेख को साझा करे तथा अधिक विषयो के बारे में जानकारी हासिल करने हेतू हमारे अन्य लेख अवश्य पढ़े, हमसे जुड़े रहने के लिए बहुत धन्यवाद।

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